दिन कटता न रात कटती

रात कटती है न तो दिन कटता है।
यादे नही हटती न तस्वीर हटता है।

सुबह से उठता तो तेरी याद है सताता।
क्या करू कैसे  कही मन नहीं भाता।
सिसक सिसक कहे दिल बेचारा मुझसे,
विरह मे यारो मेरा सांस थमता हैं..
                                  रात कटती....

अच्छा नही लगता ये मौसम ये जामाना।
सजनी के बिना साजन का क्या ठिकाना।
जाओ री कोयलिया संदेश दो प्रीतम को,
तिल-तिल मेरा अब उमर घटता है..
                                 रात कटती....
रात कटती है न तो दिन कटता है।
यादे नही हटती न तस्वीर हटता है।

           पवन नेताम 'श्रीबासु'
      सिल्हाटी, कबीरधाम (छ.ग.)
              07/01/2020

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