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गीत - छतिसगढ़ म सुमत ल जगाबो

सुनता के सुमत ल जगाबो....-2 रे जगाबो.. चलना भैया छतिसगढ़ म जाबो.. .. आना दीदी छतिसगढ़ी गोठियाबो.. .-।2। (१) छतिसगढ़ी हावय दीदी हमर राज भाषा,              जुरमिल बनाबो आना ओला हमन भाषा। ~~ दर्जा ओ...

गीत - कैसी ए दुनिया बनाई

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        कैसी ए दुनिया बनाई * वाह जी कन्हाई तूने कैसी ए दुनिया बना..ई.. वाह जी कन्हाई तूने। किसी को सुख दीये -3 किसी पर दुख  आज आ..ई.. *वाह जी कन्हाई तूने। ****************************** कही पर शराबी बिखरे,                   चौक-चौक को जुआरी बैठे। गलियन पर झगड़े होते,                            बेसहरा को सब ऐठे। मनोरंजन की -3 कैसी ऐ पाठ पढ़ा..ई... *वाह जी कन्हाई तूने। ********************************** कईयो यहा लुच्चे लफंगे,                              रोज यहा करते दंगे। पिता पत्नी को मार रहा है,                      मजबूर हो चढ़ रही है फंदे। बेटी की ईज्जत -3 आज दांव पे आ..ई.. *वाह जी..* ********************************** स्वयं को कोई पंडित कहता,                 ...

गीत---कैसी ए दुनिया बनाई

🙈     *कैसी ए दुनिया बनाई*  🙈 🌎🌎🌎🌎🌎🌎🌎🌎🌎🌎 *वाह जी कन्हाई तूने कैसी ए दुनिया बना..ई.. वाह जी कन्हाई तूने।* किसी को सुख दीये -3 किसी पर दुख  आज आ..ई.. *वाह जी कन्हाई तूने।* ****************************** कही पर शर...

कविता

का करंव कहाँ जांव , काला पियंव काला खांव । काला मारंव काला काटंव , काला चिरंव काला सीलंव । कता मॅ भागंव , सोवंव के जागंव । ये जग ह जंजाल होगे . जीव बर ये काल होगे  । माया ह जाल होगे . ...

मोला सुरता आथे तोर

*मोला तोर सुरता आथे ** ------------------- जब छाथे दुख के बादर         आंखीले एक मन आगर । रही रही के आंसु बोहाथे मोला तोर सुरता ह आथे मोला तोर सुरता ह आथे।। वो नदिया तिर के गाँव वो बर पीपर के छाँव ...

बैरागी वाणी

* * तब एक गांधी आथे रे ** -------------------- जब जब ये धरती दांव लगे । नरक कस गली गाँव लगे । बैरी मन देख गुर्राथे रे । पापी के पाप बढ जाथे रे ।। *तब तब एक आँधी उडाथे रे ।* *तब तब एक गाँधी आथे रे ।।* जब सजा लग...