तेरा प्यार

तुझे दिल दे चूके हम
तुझे पाने के खातिर।

पलकें बिछा रखें हैं
तुझे मनाने के खातिर।

बागों से फूल चुरा लाया
तुझे सजाने के खातिर।

आशियाना बना रक्खा हैं
तुझे बसाने के खातिर।

मैं भवरा संग'पवन' मचल रहा हूँ
जाम-ए-लब पीने के खातिर।।

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